रविवार के ये 7 उपाय नौकरी सहित इन कष्टों को करेंगे दूर

हिन्दू पौराणिक कथाओं में सूर्य को ब्रह्मांड की आत्मा कहा गया है। सूर्यदेव को हिन्दू धर्म के पंचदेवों में से प्रमुख देवता माना जाता है।रविवार के दिन सूर्य पूजा करने का विधान है। रविवार को सूर्य भगवान की पूजा करने से मनचाही मुराद पूरी हो जाती है। इनकी पूजा करना बड़ा ही फलदायी होता है। माना जाता है कि सूर्यदेव ही एक ऐसे देवता हैं जिनका साक्षात् रुप में पूजन किया जा सकता है। व्यक्ति की कुंडली में सूर्य अशुभ स्थिति में होने से कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। सूर्य दोष से ग्रसित व्यक्ति को सिरदर्द, बुखार, नेत्र संबंधी रोग, नौकरी में बाधा आदि कष्टों को झेलना पड़ता है। इन उपायों को करने से सूर्य दोष से मुक्ति पाई जा सकती है।

1. भगवान विष्णु की आराधना करके ऊं नमो भगवते नारायणाय मंत्र का लाल चंदन की माला में एक माल जाप करें।

2. कार्य को आरंभ करने से पूर्व गुड़ खाएं और जल पीएं। रविवार के दिन गुड़ की खीर बनाकर ब्राह्मण अथवा गरीब व्यक्ति को खिलाने से भी सूर्य ग्रह के विपरीत प्रभाव में कमी आती है।

3. 250 ग्राम गुड़ को बहते हुए जल में प्रवाहित करें।

 4. तांबे की अंगूठी में सवा पांच रत्ती का माणिक बनवाकर रविवार के दिन सूर्योदय के समय दांए हाथ की मध्यमा उंगली में धारण करने से लाभ होता है।

5. घर की दक्षिण दिशा में जो कमरा बना हो उसमें में अंधेरा रखें।

6. छत पर पक्षियों के पीने के लिए पानी रखें और पशुओं के पानी की भी व्यवस्था करें।

7. माता-पिता और बड़े बुजुर्गों की सेवा करके उनका आशीर्वाद लेने से सूर्यदेव प्रसन्न होते हैं।

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