Wednesday, June 29

राज्य में BJP को बड़ा झटका, जानिए पूरा मामला

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मुख्यमंत्री पद को लेकर हुए विवाद के बाद में शिवसेना और भाजपा अलग हो गए. इसके बाद शिवसेना ने कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर महाविकास सरकार का गठन कर लिया. कांग्रेस और एनसीपी के समर्थन के साथ, उद्धव ठाकरे ने मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली और सबसे अधिक सीटें जीतने के बावजूद भी भाजपा को विपक्ष में बैठना पड़ा.

अब भाजपा में आंतरिक कलह की बातें धीरे-धीरे बाहर आने लगी हैं. पहले ही एकनाथ खडसे भाजपा पर अपनी नाराजगी व्यक्त कर चुके हैं. शिवसेना के सत्ता में आने के बाद से ही भाजपा नेताओं की नाराजगी बढ़ गई है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, बीजेपी के राज्यसभा में सांसद सहित कई विधायक बीजेपी छोड़ने की तैयारी कर रहे हैं.

विधानसभा चुनाव से पहले, भाजपा ने दूसरी पार्टी के नेताओं को अपनी पार्टी में शामिल कर लिया था. हालांकि, बीजेपी सरकार की विफलता के कारण, अब अधिकतर आयाराम नाराज हैं. यह बताते हुए NCP के प्रवक्ता नवाब मलिक ने आगे जानकारी दी कि, अब यह सभी नाराज विधायक अपनी मूल पार्टी में लौटने की कोशिश कर रहे हैं.

बीजेपी के आशीष शेलार ने आरोप लगाया है कि, इस तरह की खबरें कांग्रेस द्वारा फैलाई जा रही है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस, एनसीपी और शिवसेना को ही अपने विधायकों को संभालना मुश्किल हो रहा है.

खबर है कि मराठवाड़ा के 6, पश्चिमी महाराष्ट्र के 5 और अन्य 4 विधायक शिवसेना के संपर्क में हैं. यह भी चर्चा है कि इन विधायकों ने अपने निर्वाचन क्षेत्र से इस्तीफा देकर, फिर से चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है. बताया जा रहा है कि, इस बारे में नागपुर में शीतकालीन सत्र के बाद निर्णय लिया जा सकता है.

ऐसी भी जानकारी है कि भाजपा के नाराज सांसद शरद पवार के फैसले पर इस्तीफा देने को तैयार हैं. साथ ही पंकजा मुंडे और एकनाथ खड़से के करीबी विधायक की भी शिवसेना से संपर्क में होने की बात सामने आ रही है.